तथ्यों को समझने के लिए विजय सांपला को समन
एसआईटी ने इस मामले की कड़ियों को जोड़ने के लिए भाजपा के वरिष्ठ नेता विजय सांपला को नोटिस जारी किया था। उन्हें भेजे गए आधिकारिक समन में कहा गया है कि वे इस मामले के तथ्यों और परिस्थितियों से अच्छी तरह परिचित प्रतीत होते हैं। इसी आधार पर एसआईटी ने उन्हें मामले से जुड़े अहम पहलुओं पर पूछताछ और बयान दर्ज कराने के लिए जालंधर स्थित पीएपी कॉम्प्लेक्स में बुलाया है। अधिकारियों का मानना है कि गोलीकांड और बेअदबी की घटनाओं के दौरान प्रशासनिक स्तर पर लिए गए फैसलों को लेकर तत्कालीन फरीदकोट डीसी मालविंदर सिंह जग्गी से भी कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आ सकती हैं।
पूर्व सीएम के ओएसडी गगनदीप बराड़ भी रडार पर
इसके अलावा, एसआईटी ने पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल के ओएसडी रहे आईएएस अधिकारी गगनदीप सिंह बराड़ को भी दोबारा समन जारी किया है। हालांकि, उनसे एसआईटी पहले भी कई बार पूछताछ कर चुकी है। इस बार जांच टीम तत्कालीन अधिकारियों और मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) के बीच हुए घटनाक्रम और संवाद की बारीकियों को समझना चाहती है।
2015 के दर्ज मामलों पर टिकी है जांच
यह पूरी कवायद साल 2015 में थाना बाजाखाना में दर्ज दो अलग-अलग मामलों के तहत की जा रही है। ये मुकदमे 14 अक्टूबर 2015 और 21 अक्टूबर 2015 को दर्ज किए गए थे। बेअदबी की घटनाओं और इसके बाद बहबल कलां में हुए गोलीकांड ने पंजाब की राजनीति और सामाजिक ताने-बाने पर गहरा असर डाला था। अब एसआईटी इन प्रमुख लोगों से आमने-सामने पूछताछ कर मामले की गहराई तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।
