डीजीपी गौरव यादव ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार किए गए आरोपी विदेश में बैठे कुख्यात गैंगस्टरों के निर्देशों पर काम कर रहे थे। ये आरोपी किसी बड़ी आपराधिक वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे। समय रहते की गई इस कार्रवाई से एक गंभीर अपराध को टाल दिया गया है।
SSOC थाने में केस दर्ज, हथियार सप्लाई चेन और लिंक खंगाल रही पुलिस
डीजीपी ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ थाना SSOC, अमृतसर में मामला दर्ज कर लिया गया है। फिलहाल पुलिस द्वारा आगे की जांच की जा रही है, ताकि इस हथियार तस्करी नेटवर्क की पूरी सप्लाई चेन का पता लगाया जा सके। साथ ही इस नेटवर्क से जुड़े आगे और पीछे के लिंक, तथा किसी भी संभावित सीमा पार संबंधों की गहनता से जांच की जा रही है।

DGP ने कहा कि आगामी गणतंत्र दिवस को देखते हुए पंजाब पुलिस पूरी तरह सतर्क है और राज्य की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। संवेदनशील अवसरों को ध्यान में रखते हुए खुफिया तंत्र को और मजबूत किया गया है।
डीजीपी गौरव यादव ने दोहराया कि पंजाब पुलिस संगठित अपराध, गैंगस्टर नेटवर्क और अवैध हथियारों की तस्करी के खिलाफ सख्त कार्रवाई के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि राज्य में शांति, कानून व्यवस्था और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना पंजाब पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है, और इस दिशा में ऐसे ऑपरेशन लगातार जारी रहेंगे।
