मृतकों की पहचान कपूरथला सब्जी मंडी से जुड़े व्यापारियों के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि वे सुबह सब्जियां लेकर जालंधर की ओर जा रहे थे। क्राइम सीन पर जांच के लिए थाना मकसूदां की पुलिस पहुंच गई थी। हादसे के कुछ ही घंटों बाद पुलिस ने बस चालक को हिरासत में ले लिया है और उससे लगातार पूछताछ की गई। आरोपी के खिलाफ जालंधर देहात के थाना मकसूदां में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। वहीं, मौके पर पहुंचे अधिकारियों ने मुआवजा देने का आश्वासन दिया है।

रोजाना की तरह जालंधर सब्जी लेने आ रहे थे
हादसे की खबर फैलते ही इलाके में अफरा-तफरी मच गई और मौके पर बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हो गए। गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने कपूरथला-जालंधर रोड पर धरना देकर सड़क जाम कर दिया और प्रशासन से दोषी बस चालक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
मृतकों में राकेश पुत्र मोहत निवासी दीप नगर कॉलोनी (कपूरथला), मुकेश कुमार पुत्र सुधीर सिंह निवासी नई सब्जी मंडी (कपूरथला) और ईश्वर बिंद पुत्र महेंद्र बिंद निवासी नई सब्जी मंडी (कपूरथला) शामिल हैं। ये तीनों लोग कपूरथला में सब्जी बेचने का काम करते थे। रोजाना की तरह आज तड़के सुबह भी वह जालंधर की बड़ी मंडी में सब्जी खरीदने के लिए जा रहे थे। जब वह मंड के पास पहुंचे तो सामने से आ रही बस ने टक्कर मार दी। जिसमें तीनों की मौत हो गई।
मौके पर पहुंची पुलिस शांत करवाया मामला
सूचना मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंची और हालात को काबू करने का प्रयास किया। पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को शांत कराने की कोशिश की और उन्हें भरोसा दिलाया कि मामले की गहन जांच की जाएगी।
इस दर्दनाक हादसे से पूरे इलाके में शोक की लहर है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। ग्रामीणों का कहना है कि इस सड़क पर लंबे समय से हादसे हो रहे हैं, लेकिन प्रशासन इस ओर कोई ठोस कदम नहीं उठा रहा।
SHO बोले- ड्राइवर को हिरासत में लिया
थाना मकसूदां के एसएचओ बिक्रम सिंह ने बताया सुबह हमें सूचना दी गई थी कि एक छोटे हाथी और बस की टक्कर हुई है। क्राइम सीन पर पहुंच कर शवों को कब्जे में लिया गया। पोस्टमॉर्टम के लिए तीनों शवों को सिविल अस्पताल जालंधर भेजना था, मगर परिवारों द्वारा शव को सड़क पर रख दिया गया और धरना शुरू कर दिया गया था। करीब 2 घंटे के बाद पुलिस ने धरना खत्म करवाया।
एसएचओ बिक्रम सिंह ने कहा- बस ड्राइवर को हिरासत में ले लिया गया है। पीआरटीसी के अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए थे, जिन्होंने पारिवारिक सदस्यों बातचीत की। फिलहाल ये स्पष्ट नहीं है कि हादसे का असल कारण क्या रहा। बस में कितनी सवारियां थीं, इस बारे में फिलहाल कोई स्पष्ट जानकारी नहीं है।
