*मोहाली:** केंद्र सरकार द्वारा भाखड़ा ब्यास प्रबंधन बोर्ड (BBMB) में से ‘सदस्य सिंचाई’ (Member Irrigation) के महत्वपूर्ण पद को खत्म करने के फैसले के विरोध में आज मोहाली में स्थिति काफी तनावपूर्ण बनी रही। पंजाब की विभिन्न किसान जथेबंदियों द्वारा इस निर्णय के खिलाफ चंडीगढ़ स्थित पंजाब राजभवन की ओर रोष मार्च निकाला गया। जैसे ही किसानों का काफिला मोहाली-चंडीगढ़ बॉर्डर पर पहुँचा, तो वहाँ पहले से तैनात भारी पुलिस बल ने उन्हें रोकने की कोशिश की। इस दौरान प्रदर्शनकारी किसानों और पुलिस कर्मियों के बीच तीखी बहस और काफी धक्का-मुक्की हुई। किसान अपनी मांगों को लेकर अड़े रहे और केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
किसान नेताओं का कहना है कि BBMB में से पंजाब का प्रतिनिधित्व कम करना राज्य के अधिकारों पर सीधा हमला है। ‘सदस्य सिंचाई’ का पद खत्म होने से सिंचाई और पानी के प्रबंधन पर पंजाब का नियंत्रण कमजोर होगा, जिससे आने वाले समय में राज्य के किसानों को भारी नुकसान झेलना पड़ सकता है। किसानों ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार लगातार ऐसे फैसले ले रही है जो पंजाब के हितों के खिलाफ हैं। पुलिस द्वारा रोके जाने के बावजूद, किसान जथेबंदियों ने चेतावनी दी है कि जब तक केंद्र सरकार इस फैसले को वापस नहीं लेती, तब तक उनका संघर्ष और तेज होगा। प्रशासन ने सुरक्षा के मद्देनजर बॉर्डर पर बैरिकेडिंग कर दी है और इलाके को पूरी तरह से छावनी में तब्दील कर दिया गया है,
