अखंड केसरी ब्यूरो :- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की संयुक्त अरब अमीरात (UAE) की आधिकारिक यात्रा ने दोनों देशों के बीच **व्यापक रणनीतिक साझेदारी (Comprehensive Strategic Partnership)** को एक नई ऊँचाई पर पहुँचा दिया है। इस यात्रा के दौरान एक ऐतिहासिक विकासक्रम में, UAE ने भारत में **$5 बिलियन (लगभग 41,000 करोड़ रुपये)** के नए निवेश की घोषणा की है। यह निवेश मुख्य रूप से भारतीय बुनियादी ढांचे (Infrastructure), बैंकिंग क्षेत्र (RBL बैंक) और वित्तीय सेवाओं (Samman Capital) में किया जाएगा।
आर्थिक निवेश के अलावा, दोनों देशों ने ऊर्जा सुरक्षा, रक्षा, शिपिंग और उन्नत प्रौद्योगिकियों जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में कई प्रमुख समझौतों (MoUs) पर हस्ताक्षर किए हैं। रक्षा के क्षेत्र में, दोनों देशों के बीच एक **’सामरिक रक्षा साझेदारी’** के ढांचे पर सहमति बनी है, जो भविष्य में सैन्य सहयोग और तकनीक साझा करने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगी। ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने के लिए ‘रणनीतिक पेट्रोलियम रिजर्व’ और ‘LPG आपूर्ति’ पर भी विशेष समझौते किए गए। प्रधानमंत्री मोदी ने इस यात्रा को अत्यंत सफल बताते हुए कहा कि ये समझौते न केवल व्यापारिक रिश्तों को मजबूत करेंगे, बल्कि वैश्विक मंच पर भारत और UAE की एकजुटता को भी प्रदर्शित करेंगे। यह दौरा दोनों देशों के बीच गहरे भरोसे और “दूसरे घर” जैसी आत्मीयता का प्रतीक बनकर उभरा है।
**मुख्य बिंदु (Quick Highlights):**
* **कुल निवेश:** $5 बिलियन का बड़ा निवेश पैकेज।
* **रक्षा:** सामरिक रक्षा साझेदारी के लिए फ्रेमवर्क एग्रीमेंट।
* **ऊर्जा:** पेट्रोलियम रिजर्व और गैस आपूर्ति पर महत्वपूर्ण समझौते।
* **इंफ्रास्ट्रक्चर:** वाडिनार में शिप रिपेयर क्लस्टर की स्थापना का निर्णय।
