लुधियाना– लुधियाना के थाना मेहरबान के अधीन आते गांव हवास में विदेश भेजने के नाम पर 18 लाख रुपए की ठगी का शिकार हुए एक हेड ग्रंथी ने फेसबुक पर लाइव होकर जहरीली दवाई पी ली। पीड़ित की पहचान रवि सिंह के रूप में हुई है जो गांव हवास का रहने वाला है।
30 वर्षीय भाई रविन्द्र सिंह को तुरंत अस्पताल में भर्ती करवाया गया, जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। रवि सिंह ने लाइव वीडियो के दौरान गांव के ही 3 रसूखदार लोगों पर गंभीर आरोप लगाए हैं कि उन्होंने पैसे हड़पने के बाद उसे डराया-धमकाया और पुलिस-प्रशासन ने भी उसकी कोई सुनवाई नहीं की। रविन्द्र सिंह गुरुद्वारा साहिद बाबा दीप सिंह जी में हेड ग्रंथी हैं।
ग्रंथी की आपबीती

- वाहेगुरु जी का खालसा, वाहेगुरु जी की फतेह। मेरा नाम रविन्द्र है, मैं पिंड (गांव) हवास का रहने वाला हूं। मेरे साथ बड़ा धोखा किया गया है। गांव के नंबरदार ज्ञानी सुरिंदर पाल सिंह, उनके बेटे जगपाल सिंह जग्गा और उनके दोस्त कुलदीप सिंह सोनी ने मुझसे 18 लाख रुपए की ठगी की है।
- विदेश भेजने के बाद नहीं ली सुध: मुझे विदेश भेजा गया, लेकिन वहां जाकर मेरी किसी ने कोई सुध नहीं ली। घर आकर मुझसे 18 लाख रुपए कैश लिए गए थे, जिसके मेरे पास बतौर रिकॉर्डिंग सबूत भी पड़े हैं। जब मैं विदेश से वापस लौटा, तो मैंने इनकी बहुत मिन्नतें कीं, पर इन्होंने मेरी एक नहीं सुनी।
- पंचायल में भी नहीं हुई सुनवाई: मैं पंचायत और सरपंच राजवंत सिंह के पास भी गया। पंचायत बुलाई पर आरोपियों ने पंचायत की भी नहीं सुनी। इसके बाद नंबरदार हरविंदर सिंह बब्बू से मैंने उनसे भी विनती की कि मेरे मामले का निपटारा करवा दो। पैसों के लालच में इन्होंने मेरा जीवन बर्बाद कर दिया।
- सिक्योरिटी के तौर पर खाली चेक लिए: आरोपियों ने मुझसे सिक्योरिटी के तौर पर खाली चेक लिए हुए थे, जिन पर इन्होंने मेरे ऊपर 10-10 लाख का दावा ठोक दिया। मुझ पर चेक बाउंस का केस करके उल्टा मुझे कोर्ट से समन भिजवा दिए। मैंने क्राइम ब्रांच में भी अपनी रिपोर्ट दी, पर वहां भी मुलाजिमों (पुलिस) और प्रशासन की तरफ से कोई सुनवाई नहीं हुई। आज मुझे धक्के खाते हुए ढाई महीने हो गए हैं, पर किसी ने मेरा हाथ नहीं पकड़ा।
- रिवॉल्वर दिखाकर देते हैं धमकियां: अब सुरिंदर पाल उसका बेटा जगपाल सिंह जग्गा और उनका दोस्त कुलदीप सिंह सोनी मुझे रिवॉल्वर दिखा-दिखाकर धमकियां देते हैं कि अगर कोई कदम उठाया तो जान से मार देंगे। मेरी दादी को भी जान से मारने की धमकियां दी गईं। रिपोर्ट थाना मेहरबान में भी लिखी हुई है, पर वहां भी सुनवाई नहीं हुई।
- मैं आज दुखी होकर यह कदम उठा रहा हूं। मैं एक गुरुद्वारे का ग्रंथी सिंह था। ज्ञानी सुरिंदर पाल ने मुझे झूठे दिलासे देकर मेरी जिंदगी की सारी जमा-पूंजी खत्म कर दी। मेरे बच्चों की पढ़ाई छूट गई। मैं आज मरना नहीं चाहता था संगत जी, पर मैं तंग आ चुका हूं।
जत्थेबंदियों की धौंस दिखाता है ज्ञानी सुरिंदर पाल
यह ज्ञानी सुरिंदर पाल मुझे जत्थेबंदियों की धौंस दिखाता है कि तुम जहां मर्जी जोर लगा लो, हम पैसे पुलिस-प्रशासन को दे देंगे पर तुम्हें कुछ नहीं देंगे। मैं अपील करता हूं जत्थेबंदियों और प्रशासन से कि मेरे जीते-जी मुझे कुछ नहीं मिला, तो मेरे मरने के बाद ही मेरे बच्चों को इंसाफ मिल जाए। वाहेगुरु जी का खालसा, वाहेगुरु जी की फतेह। इस बयान के बाद पीड़ित रवि सिंह ने वीडियो में ही जहरीली दवाई की शीशी खोली और उसे पी लिया।
बयान के आधार पर होगी सख्त कार्रवाई
पुलिस थाना मेहरबान के प्रभारी इंस्पेक्टर जगदीप सिंह गिल ने बताया कि पुलिस को अस्पताल से सूचना मिली थी कि गांव हवास के रहने वाले रवि सिंह ने कोई जहरीली वस्तु निगल ली है। उसे इलाज के लिए सिविल अस्पताल में दाखिल कराया गया है, जहां उसकी हालत फिलहाल काफी नाजुक बनी हुई है।
थाना प्रभारी ने स्पष्ट किया कि पुलिस पार्टी पीड़ित के बयान दर्ज करने के लिए अस्पताल गई है। रवि सिंह की हालत स्थिर होते ही जैसे ही उसके बयान दर्ज होंगे, उसके आधार पर आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। फिलहाल पुलिस द्वारा मामले की गहराई से जांच की जा रही है।
