मेलबर्न- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया ऑस्ट्रेलिया दौरे के दौरान मेलबर्न में खालिस्तान समर्थक और भाजपा समर्थक सिख भिड़ गए। खालिस्तानी पीएम को अपशब्द बोलते सुनाई दिए। इसका एक वीडियो भी सामने आया है।वीडियो को भाजपा समर्थक सिख जगविंदर विर्क ने बुधवार सुबह अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर शेयर किया। वायरल वीडियो में कुछ खालिस्तान समर्थक प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणियों के साथ “खालिस्तान जिंदाबाद” के नारे लगा रहे हैं। बहस ‘सतलुज’ फिल्म पर लगे बैन को लेकर शुरू हुई। जिसके बाद मौके पर पुलिस पहुंच गई, लेकिन खालिस्तानी फिर नहीं रुके और पीएम पर गलत कमेंट करते रहे। इसके बाद दोनों पक्षों को अलग कर मामला शांत कराया।


इस खालिस्तानी युवक ने बहस के दौरान दी पीएम को गाली।
पढ़ें पूरा मामला:-
- PM के कार्यक्रम के विरोध के लिए जा रहे थेः वायरल वीडियो में दावा किया गया है कि खालिस्तान समर्थक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम का विरोध करने जा रहे थे। इसी दौरान एक युवक ने कथित तौर पर प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया और ‘खालिस्तान जिंदाबाद’ के नारे लगाए।
- ‘सतलुज’ फिल्म पर शुरू हुई बहसः बताया जा रहा है कि विवाद की शुरुआत ‘सतलुज’ फिल्म पर लगे प्रतिबंध को लेकर हुई। प्रदर्शनकारी फिल्म से प्रतिबंध हटाने की मांग कर रहे थे। इसी दौरान उनकी भाजपा समर्थक सिख जगविंदर विर्क से बहस हो गई।
- मोदी से नजदीकी है तो बैन हटवाकर दिखाओः वीडियो के अनुसार, प्रदर्शनकारियों ने कहा कि सिखों को प्रधानमंत्री के कार्यक्रम में शामिल नहीं होना चाहिए। जब जगविंदर विर्क ने इसका विरोध किया तो उनसे कहा गया कि अगर उनकी प्रधानमंत्री तक पहुंच है, तो ‘सतलुज’ फिल्म पर लगा प्रतिबंध हटवाकर दिखाएं।
- जगविंदर विर्क ने सोशल मीडिया पर दिया जवाबः बहस का वीडियो साझा करते हुए विर्क ने कहा कि अलगाववादी समूहों का दबाव उनके विचार नहीं बदल सकता। उन्होंने लिखा कि उन्हें अपनी भारतीय पहचान पर गर्व है और वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व के साथ मजबूती से खड़े हैं। उन्होंने कहा कि कोई भी धमकी या विरोध भारत की एकता और अखंडता के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को नहीं बदल सकता।
- सड़क पर बढ़ा तनाव, पुलिस ने कराया शांतः दोनों पक्षों के बीच बहस इतनी तेज हो गई कि सड़क पर काफी देर तक नारेबाजी और तीखी बहस होती रही। मौके पर मौजूद पुलिस और सुरक्षा कर्मियों ने हस्तक्षेप कर दोनों पक्षों को अलग किया और स्थिति को नियंत्रित किया।
- पुलिस की मौजूदगी में लगे नारेः वीडियो में दावा किया गया है कि बहस शांत होने के बाद भी कुछ प्रदर्शनकारियों ने सड़क किनारे खड़े होकर “खालिस्तान जिंदाबाद” के नारे लगाए। हालांकि, इस घटना को लेकर स्थानीय पुलिस की ओर से आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
